पालक बना सकता है किडनी मे पत्थर ? eating spinach and kidney stone

क्या? पालक खाने से किडनी स्टोन हो सकता है। जी हा दोस्तो ये एक ऐसा प्रश्न है जिसका उत्तर जानना बहुत जरूरी है, खासकर उन लोगो के लिये जिनका हिस्ट्री किडनी स्टोन से संबंधित है या फिर वो लोग जो लोग अपनी सेहत का काफी ख्याल रखते है, शाकाहारी है और पालक जैसी हरी सब्जी खाने के काफी शौकीन है। जी हाँ दोस्तो पालक खाने से किडनी स्टोन का खतरा बढ़ सकता है लेकिन ज्यादा खतरा उन लोगो को है जिन्हे पहले से ही किडनी स्टोन है या जिनमे किडनी स्टोन होने की संभावना है। तो दोस्तो हम जानेंगे ऐसी क्या वजह है जिससे पालक किडनी स्टोन के खतरे को बढ़ा सकता है। और ये भी जानेंगे की क्या वाकई आपको पालक खाने से बचना चाहिये।

पालक का ऑक्सालेट oxalate in spinach in hindi

वैसे तो पालक कई विटामिन और मिनरल का अच्छा स्त्रोत है लेकिन इसमे पायी जाने वाली ऑक्सालेट (oxalate) की ज्यादा मात्रा किडनी स्टोन के रिस्क को बढ़ा सकती है। तो अब आप जानना चाहेंगे की ऑक्सालेट  (oxalate) क्या है। ऑक्सालेट एक अणु होता है जो की मेटाबोलिज्म का वेस्ट प्रॉडक्ट होता है। इसे ऑक्सालिक एसिड भी कहते है। हालांकि हमारे शरीर को oxalate की आवश्यकता होती है, सांस लेने और पाचन जैसी प्रक्रियाओं मे भी oxalate की जरूरत पड़ती है। लेकिन शरीर मे ज्यादा oxalate की मात्रा किडनी स्टोन के रिस्क को बड़ा देती है।

ऑक्सालेट कैल्सियम और आइरन जैसे मिनरल्स के साथ मिलकर यौगिको का निर्माण कर सकता है जैसे की कैल्सियम ऑक्सालेट और आइरन ऑक्सालेट। इसका निर्माण बड़ी आंत के भाग कोलोन मे, किडनी मे या फिर यूरिनरी ट्रैक्ट मे हो सकता है। कई लोगो मे इस तरह के यौगिक मल और मूत्र करने के समय निकल जाते है। लेकिन कई बार कुछ लोगो मे इस तरह के यौगिक क्रिस्टल बना देते है जो आगे चलकर स्टोन का रूप धारण कर लेते है। ज़्यादातर किडनी स्टोन कैल्सियम ऑक्सालेट से ही बनते है। इसलिए किडनी स्टोन से पीड़ित लोगो को ऑक्सालेट से भरपूर चीजों का सेवन न करने की या कम करने की सलाह भी दी जाती है। ऑक्सालेट का निर्माण शरीर खुद भी कर सकता है, ऑक्सालेट से भरपुर खाद्य पदार्थो से भी शरीर मे ऑक्सालेट की मात्रा बढ़ सकती है। विटामिन सी भी मेटाबोलिज्म की प्रक्रिया से गुजर के ऑक्सालेट मे बदल सकता है। ऑक्सालेट की सबसे ज्यादा मात्रा पालक मे पायी जाती है।

पालक मे पाई जाने वाली ऑक्सालेट की मात्रा oxalate in 100 gram spinach

फूड्स जिनमे ऑक्सालेट की ज्यादा मात्रा पायी जाती है उनमे पालक सबसे प्रमुख है। 100 ग्राम पालक मे करीब 970 मिली ग्राम ऑक्सालिक एसिड होता है। किडनी स्टोन से बचने के लिये 100 मिली ग्राम से भी कम ऑक्सालेट लेने की सलाह दी जाती है।

क्या आपको पालक खाने से बचना चाहिये  should you avoid eating spinach

जैसा की हमने जिक्र किया की पालक मे ऑक्सालेट की ज्यादा मात्रा होने से किडनी स्टोन वाले पेशंट को या जिन्हे स्टोन के विकसित होने के लक्षण दिखाई देते है उन्हे इसका बहुत कम या ना के बराबर प्रयोग करना चाहिये। क्योकि पालक मे बहुत ज्यादा पोषण होता है, इसलिये ऐसे व्यक्ति जिन्हे किडनी स्टोन नहीं है, उन्हे पालक का प्रयोग करने से डरना नहीं चाहिये। क्योकि अक्सर ऑक्सालेट मल मूत्र के साथ बाहर निकल जाता है। साथ ही साथ कम से कम दो ढाई लीटर पानी जरूर पीना चाहिये, सोडियम का प्रयोग कम करना चाहिये और कैल्सियम की मात्रा कम से कम 1000 मिली ग्राम भी जरूर रखनी चाहिये जिससे की किडनी स्टोन के डेवलोप होने से बचा जा सकता है।

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